झारखंड हाईकोर्ट ने ऊर्जा विभाग की नियुक्तियों पर सरकार से रिपोर्ट तलब की
रांची। झारखंड हाईकोर्ट की खंडपीठ, जिसमें चीफ जस्टिस एमएस रामचंद्र राव और जस्टिस दीपक रोशन शामिल हैं, ने बुधवार को ऊर्जा विभाग के निगमों में एमडी सहित अन्य रिक्त पदों पर नियमित नियुक्ति को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई की।
सरकार ने दी जानकारी
सुनवाई के दौरान सरकार की ओर से अदालत को अवगत कराया गया कि रिक्त पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है और इसके लिए विज्ञापन भी जारी किया जा चुका है। इस पर अदालत ने सरकार के बयान को रिकॉर्ड में लेते हुए निर्देश दिया कि नियुक्ति प्रक्रिया पूर्ण होने के उपरांत सरकार अदालत को सूचित करे। इस मामले की अगली सुनवाई जून में निर्धारित की गई है।
याचिकाकर्ता के आरोप
यह जनहित याचिका राजेश कुमार सिंह द्वारा दायर की गई है, जिसमें आरोप लगाया गया है कि बिजली निगम में प्रबंधन के उच्च पदों पर सेवानिवृत्त अधिकारियों या आईएएस अधिकारियों की नियुक्ति की जा रही है। याचिकाकर्ता का तर्क है कि इलेक्ट्रिसिटी एक्ट 2003 के अनुसार इन पदों पर योग्य और विशेषज्ञ व्यक्तियों की नियुक्ति होनी चाहिए। उन्होंने यह भी दावा किया कि राजनीतिक आधार पर की जा रही नियुक्तियों के कारण राज्य की बिजली व्यवस्था प्रभावित हो रही है।
बिजली विभाग ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर
इस बीच, झारखंड बिजली वितरण निगम लिमिटेड (JBVNL) ने उपभोक्ताओं से अपने घरों में प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगवाने की अपील की है। इसके लिए हेल्पलाइन नंबर 1912 जारी किया गया है, जहां उपभोक्ता संपर्क कर स्मार्ट मीटर से जुड़ी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
अब सभी की निगाहें जून में होने वाली अगली सुनवाई पर टिकी हैं, जिसमें यह स्पष्ट होगा कि सरकार नियुक्तियों को लेकर क्या कदम उठाती है और अदालत इस पर क्या रुख अपनाती है।